Marriage Knowledge Base
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Aarti Shri Pushpdant Ji / आरती श्री पुष्पदंत जी
जैन धर्म के नौवें तीर्थंकर भगवान पुष्पदंत (सुविधिनाथ) जी की भक्तिमय आरती — काकंदी नगरी में जन्मे, मकर-लांछनधारी जिनेश्वर की पावन वंदना।
Read more →Aarti Shri Padmaprabhu Ji / आरती श्री पद्मप्रभु जी
जैन धर्म के छठे तीर्थंकर भगवान पद्मप्रभु जी की भक्तिमय आरती — कौशांबी में जन्मे, कमल-लांछनधारी, रक्त वर्णी जिनेश्वर की पावन वंदना।
Read more →Aarti Shri Neminath Ji / आरती श्री नेमिनाथ जी
जैन धर्म के बाईसवें तीर्थंकर भगवान नेमिनाथ जी की भक्तिमय आरती — श्रीकृष्ण के चचेरे भाई, गिरनार तीर्थ के स्वामी, शंख-लांछनधारी जिनेश्वर की वंदना।
Read more →Aarti Shri Munisuvrat Ji / आरती श्री मुनिसुव्रत जी
जैन धर्म के बीसवें तीर्थंकर भगवान मुनिसुव्रत जी की भक्तिमय आरती — राजगृही में जन्मे, कछुआ-लांछनधारी, ध्यान और संयम के प्रतीक जिनेश्वर की वंदना।
Read more →Aarti Shri Mallinath Ji / आरती श्री मल्लिनाथ जी
जैन धर्म के उन्नीसवें तीर्थंकर भगवान मल्लिनाथ जी की भक्तिमय आरती — मिथिला में जन्मे, कलश-लांछनधारी, एकमात्र स्त्री तीर्थंकर (दिगंबर मत में पुरुष) की वंदना।
Read more →Aarti Shri Kunthunath Ji / आरती श्री कुंथुनाथ जी
जैन धर्म के सत्रहवें तीर्थंकर भगवान कुंथुनाथ जी की भक्तिमय आरती — हस्तिनापुर में जन्मे, बकरा-लांछनधारी, शांति और मोक्ष के दाता जिनेश्वर की वंदना।
Read more →Aarti Shri Chandraprabhu Ji / आरती श्री चन्द्रप्रभु जी
जैन धर्म के आठवें तीर्थंकर भगवान चन्द्रप्रभु जी की सामान्य आरती — चंद्रपुरी (वाराणसी) में जन्मे, चंद्रलांछनधारी, श्वेत वर्णी जिनेश्वर की भक्तिमय स्तुति।
Read more →Aarti Shri Bahubali Ji / आरती श्री बाहुबली जी
जैन धर्म के महान तपस्वी भगवान बाहुबली जी की आरती — श्रवणबेलगोला की विशाल प्रतिमा वाले, प्रथम तीर्थंकर आदिनाथ के पुत्र, ध्यान में लीन महायोगी की भव्य वंदना।
Read more →Aarti Shri Anantnath Ji / आरती श्री अनंतनाथ जी
जैन धर्म के चौदहवें तीर्थंकर भगवान अनंतनाथ जी की भक्तिमय आरती — श्रेयांसपुर (अयोध्या) में जन्मे, शिया-लांछनधारी अनंत ज्ञानी जिनेश्वर की वंदना।
Read more →Aarti Shri Ajitnath Ji / आरती श्री अजितनाथ जी
जैन धर्म के द्वितीय तीर्थंकर भगवान अजितनाथ जी की भक्तिमय आरती — अयोध्या में जन्मे, हस्ति लांछनधारी, विजय-स्वरूप जिनेश्वर की पावन वंदना।
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